Jaipur: आखिकार कांग्रेस की अति महत्वाकांक्षी ‘महंगाई हटाओ महारैली’ का आयोजन सफल हो ही गया। इस पूरे आयोजन का सेहरा भी सीएम अशोक गहलोत के सिर बंधा और गहलोत भी इससे पूरी तरह उत्साहित नजर आए। हालांकि जब रैली चल थी तो कुछ रोचक वाकये भी सामने आए जिन्हें अधिकांश ने नजरअंदाज कर दिया लेकिन मरुधर बुलेटिन ने इसे बारीका से सुना और समझा। दावा किया जा रहा था कि इस रैली के प्रति कार्यकर्ताओं में जर्बदस्त उत्साह और वे स्वत: प्रेरणा से रैली में शामिल होने आ रहे है। लेकिन, मरुधर बुलेटिन ने बड़ी संख्या में रैली में आई महिलाओं से बात की तो कुछ अलग ही माजरा सामने आया। यहां रैली में आई महिलाओं का कहना था कि उन्हें तो सिर्फ मनरेगा में काम दिलवाने का लालच देकर यहां लाया गया है। महिलाओं ने कहा कि नेता जी ने उनसे कहा कि कल से तुम्हें मनरेगा में रोजगार मिल जाएगा, तुम सब तो बस रैली में चलो। हालांकि यहां जुटी भीड़ में सिर्फ महिलाएं ही नहीं बड़ी संख्या में ऐसे अन्य लोग भी थे जिन्हें महज भीड़ के तौर पर यहां लाया गया था। इनमें से अधिकांश तो वरिष्ठ नेताओं का भाषण छोड़ कर ही बाहर जाने लगे और इन्हें कैमरे ने भी कैद कर लिया। कहने को तो यह रैली कांग्रेस की राष्ट्र स्तरीय रैली थी लेकिन रैली में 90 फीसदी भीड़ राजस्थान से ही थी। अन्य राज्यों के नेता तो आए लेकिन वे अपने साथ कार्यकर्ता नहीं ला सके। यहां तक कि पड़ौसी राज्यों से आने वाले कार्यकर्ताओं की संख्या भी नगण्य ही थी। हालांकि इस रैली में जुटी भीड़ से आलाकमान पूरी तरह खुश नजर आया और इस पूरे आयोजन का सेहरा सीएम गहलोत के सिर पर सज गया। सीएम साहब भी इससे पूरी तरह उत्साह में नजर आए क्योंकि अब उनके नम्बर काफी हद तक बढ़ चुके है। विरोधी दल द्वारा सत्ता पक्ष पर हमेशा यह आरोप लगाया जाता है कि भीड़. जुटाने के लिए सत्ता का दुरुपयोग किया गया। गैर कांग्रेसी राज्यों में अन्य पार्टियां निर्ममता से सत्ता का दुरुपयोग करती है। राजस्थान में गहलोत ने दुरुपयोग किया तो बुराई क्या है ? दूध का धुला आज कोई भी नही है। विश्वस्त सूत्रों से मिली खबरों के अनुसार सोनिया गांधी ने सफल महारैली के लिए अशोक गहलोत की जमकर तारीफ की।