नए कृषि कानूनों के विरोध में किसानों का प्रदर्शन जारी है। इस बीच सरकार ने एक बार फिर किसानों से आंदोलन समाप्त करने और बातचीत शुरू करने की अपील की। कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने किसान संगठनों से आंदोलन खत्म करने और सरकार के साथ बातचीत फिर से शुरू करने की अपील की। हालांकि उन्होंने इन कानूनों को रद्द करने से एकबार इनकार कर दिया। कृषि मंत्री से बातचीत की अपील के बाद किसान नेता राकेश टिकैत का भी बयान आया।

किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा कि सरकार को बात करनी है तो करे लेकिन शर्त के साथ नहीं। टिकैत ने कहा, ‘मंत्री फिर से शर्त के साथ कह रहे हैं कि किसान आए, बातचीत करें। कानून खत्म नहीं होंगे, उनमें बदलाव होगा। सरकार को बात करनी है तो बात करे, लेकिन शर्त के साथ किसानों के साथ बात ना करें। जो वे कहेंगे किसान उसपर चले ऐसा नहीं है।

मंत्री तोमर ने इस बात पर जोर दिया कि न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) प्रणाली और एपीएमसी मार्केट यार्ड न सिर्फ बरकरार रहेंगे, बल्कि उन्हें और सशक्त किया जाएगा !

कृषि मंत्री की यह अपील किसानों द्वारा संसद के मानसून सत्र के दौरान आंदोलन को तेज करने की चेतावनी दिए जाने के बाद सामने आई है !

केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा- मैं नए कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसान संगठनों से धरना प्रदर्शन खत्‍म करने और बातचीत करने की अपील करना चाहता हूं सरकार चर्चा के लिए तैयार है !

बजट में कहा गया था कि कृषि मंडियां समाप्त नहीं होगी बल्कि उन्‍हें और मज़बूत किया जाएगा !

सरकार ने जो फैसले किए है उससे साफ है कि वह कृषि मंडियों को और मज़बूत करने के लिए प्रतिबद्ध है !