रामगढ़ थाना अंतर्गत एक गांव के एक व्यक्ति ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी लिखा है मैं टेंपो चलाता हूं इस कारण अक्सर घर से बाहर रहता हूं। घटना 5 जुलाई शाम 4:00 4:30 बजे की ह। मेरी नाबालिग बेटी उम्र करीब 16 वर्ष घर से कुछ दूर बोरिंग पर पानी भरने के लिए गई कि रास्ते में कुछ लोगों ने उसका जबरन अपहरण कर गाड़ी में पटक कर ले गए और श्याम करीब 6:00 बजे फ्री मेरे पास फोन आया कि आपकी बेटी हमारे कब्जे में है यदि उसे छुड़ाना है तो किसी को मत बताना और अकेले ही किशनगढ़ बास आ जाओ घटना के वक्त में रामगढ़ था और मैंने जैसे ही सुना घबरा गया और मैं अकेला ही टेंपो लेकर किशनगढ़ चला गया।

Capture 15


गांव के लोग नहीं मिले और उन्होंने मुझे उधर बंद पर बुलाया मामा गया तो कुछ लोगों ने तीन युवकों को पकड़ रखा था और चौथ आयोग ने बेटी को लेकर वहां से फरार हो चुका था और गांव के लोगों ने उन तीन युवकों को भी छुड़वा दिया।
रात करीब 12:00 बजे मेरे पास रफीक और मुस्ताक नाम के दो युवकों का फोन आया कि हम तुम्हारी बेटी को किशनगढ़ थाने में पहुंचा रहे हैं और तुम्हें बयान देना होगा कि मां बेटी की लड़ाई में बेटी घर से बाहर निकल गई थी अन्यथा हम तेरी बेटी को और तुझे खत्म कर देंगे जब मैं वहां थाने पहुंचा तो मेरी बेटी बदहवास हालत में मिली मैं उसे लेकर घर आ गया बेटी घबराई हुई थी कल शाम उसने मुझे घटना के बारे में बताया और कहा कि इन चार युवकों ने मेरे साथ गाड़ी में भी और उसके बाद जंगल में भी दुष्कर्म किया है ।