महुआ में पुजारी की मौत का मामला जयपुर के सिविल लाइंस फाटक पर दूसरे दिन भी प्रदर्शन जारी रहा जिसमें ब्राह्मण समाज से भी कई संगठन धरने मे शामिल हुए, प्रदर्शन के दौरान ब्राह्मण संगठनों के दो नेता आपस में ही भिड़ गए ,मरुधर बुलेटिन की इस रिपोर्ट में आप देख सकते है की किस तरह ब्राह्मण संगठनों के दो नेता आपस में भीड़ गए।

WhatsApp Image 2021 04 09 at 3.37.10 PM

सुनील उदैया और सुनील तिवारी के बीच झगड़ा हुआ दोनों में ही पूरे मामले पर क्रेडिट लेने की होड़ मच गयी अरुण चतुर्वेदी और राजेश कर्नल ने दोनों नेताओं को फिर से एकजुट करने की कोशिश की लेकिन सुनील तिवारी ने गाली गलौच की और साथ ही आंदोलन से खड़े होकर खुद को आंदोलन से मुक्त करने की घोषणा की इस मामले में सांसद किरोड़ीलाल मीणा ने मीडिया को बताया कि हमारी सुनवाई नहीं हुई तो पार्टी अध्यक्ष का निर्देश था कि शव को यहां पर लाया जाए, छह दिन से हम न्याय की लड़ाई लड़ रहे हैं। ब्राह्मण समाज न्याय मांग रहा है लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। हम गहलोत साहब को जगाने आए हैं, वे निंद्रा से जागें और हमारी बात सुनें। सांसद किरोड़ी मीणा ने आगे कहा कि आज मंदिर माफी की करोड़ों की जमीनों पर भूमाफिया काबिज हैं। राजस्थान में मंदिर माफी की 30 हजार बीघा जमीन है, उसमें से 18 हजार बीघा पर भूमाफियाओं का कब्जा है। सरकार कानून बनाकर मंदिर माफी की जमीनों का संरक्षण करे और कब्जे हटवाए। जो सरकार छह दिन से शव लेकर बैठे लोगों की नहीं सुन रही, बाद में क्या सुनेगी ? जब तक मांगें नहीं मानी जाएंगी तब तक शव यहीं पर रहेगा।