Bhilwara: भीलवाड़ा में कोरोना वायरस (Corona Virus) की दूसरी लहर को लेकर हालात पूरी तरह से बिगड़ चुके हैं और स्थिति यह है कि शहर के निजी अस्पतालों में कोरोना पॉजिटिव (Corona Positive) रोगियों के लिए बेड तक की कमी हो गई है और पॉजिटिव रोगियों के परिजनों को भर्ती कराने के लिए सिफारिशें करानी पड़ रही है उसके बाद भी बेड नहीं मिल रहे हैं ।

जिला प्रशासन ने कोरोना पॉजिटिव रोगियो की बढ़ती संख्या को देखते हुए 8 प्राइवेट अस्पतालों (Private Hospitals) को कोविड-19 (Covid 19) के रोगियों को भर्ती करने के लिए अधिकृत और निर्देशित किया और 30% वेड कोविड-19 के लिए आरक्षित रखने के दिशा निर्देश दिए थे ।

जिन्हें बढ़ाकर आज 50% किया जा रहा है लेकिन स्थिति निजी अस्पतालों (Hospitals) की यह है कि इन आठ अस्पतालों में कोविड-19 रोगियों के लिए आईसीयू में बेड तक खाली नहीं है और परिजन अपने पाॅजिटिव रोगी को लेकर इधर से उधर फिर रहे हैं।

ऐसे हालत मे रोगी की कभी भी हालत बिगड़ सकती है और वह काल का ग्रास बन जाए इसके भी संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता ।
इसका प्रत्यक्ष उदाहरण आज देखने को मिला जब जिले के गुलाबपुरा निवासी पुष्पा पत्नी धनपत चौधरी जो कि कोरोना पॉजिटि (Corona Positive) व रोगी होकर गुलाबपुरा में ही उपचारत थी ।

लेकिन आज उन्हें सांस लेने में दिक्कत होने पर उनके परिजन उन्हें भीलवाड़ा लेकर आए और शहर के निजी अस्पतालों में जहां भी गए उन्हें आईसीयू वार्ड फुल बताएं इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि भीलवाड़ा शहर (Bhilwara City) के हालात कितने खराब है कि निजी अस्पतालों (Hospitals) में पैसे देने के बाद भी कोरोना पॉजिटिव (Corona Positive) रोगियों को उपचार के लिए बेड नहीं मिल रहे हैं ।