जयपुर|Deepika Jangir: दक्षिण अफ्रीका में कोरोना की तीसरी लहर आने वाली है,जहां एक और ओमीक्रॉन के केसेस लगातार बढ़ रहे है। यहाँ की सरकार भी अब चिंता में है। कुछ दिन पूर्व ही आईआईटी के वैज्ञानिक प्रो. मणींद्र अग्रवाल ने दावा किया था कि भारत में जनवरी में कोरोना की तीसरी लहर आ सकती है। इस दौरान संक्रमण तेजी के साथ फैलेगा और रोजाना डेढ़ लाख केस आ सकते हैं। उन्होंने बताया कि यह लहर कितनी खतरनाक होगी, कितने लोगों को प्रभावित करेगी, अभी इसका विश्लेषण किया जा रहा है। 

दक्षिण अफ्रीका में 18 से 23 दिसंबर तक कोरोना की तीसरी लहर पीक पर होगी। यह दावा आईआईटी के वैज्ञानिक प्रो. मणींद्र अग्रवाल ने किया है। हम आपको बता दें कि कुछ दिन पूर्व ही उन्होंने दावा किया था कि भारत में जनवरी में कोरोना की तीसरी लहर आ सकती है। इस दौरान संक्रमण तेजी के साथ फैलेगा और रोजाना डेढ़ लाख केस आ सकते हैं। प्रो. अग्रवाल ने अपने सूत्र मॉडल से कोरोना की दूसरी लहर की भयावहता का आकलन किया था। उनका कहना है कि दक्षिण अफ्रीका का पूरा डाटा मिल गया है। उसी के आधार पर यह निष्कर्ष निकाला है। 

ओमीक्रॉन के बढ़ते केसेस ने सभी की चिंता बढ़ा दी है,वहीं फरवरी में लहर पीक पर होगी। उन्होंने बताया कि वैक्सीनेशन के अलावा लोगों में नेचुरल इम्यूनिटी भी डेवलप हो गई है। ऐसे में तीसरी लहर दूसरी लहर की तुलना में कम भयावह होगी।